सरे पुलिस ने तस्वीरें जारी कर फिरौती और हिंसक आपराधिक गतिविधि से जुड़े नेटवर्क का हिस्सा बताया
सभी आरोपी भारतीय नागरिक हैं और सरे में हुई जबरन वसूली की घटनाओं में किसी रूप में शामिल रहे
2 युवकों को पहले ही कनाडा से डिपोर्ट किया जा चुका है, गुप्त जानकारी साझा कर जांच में सहयोग करें
सरे पुलिस ने सितंबर 2025 में 2,50,000 कनाडाई डॉलर का विशेष एक्सटॉर्शन रिवॉर्ड फंड बनाया था
पंजाब डेस्क
कनाडा की Surrey Police Service (SPS) ने 7 पंजाबी युवकों की तस्वीरें जारी कर उन्हें फिरौती और हिंसक आपराधिक गतिविधियों से जुड़े नेटवर्क का हिस्सा बताया है। पुलिस के अनुसार सभी आरोपी भारतीय नागरिक हैं और सरे में हुई जबरन वसूली की घटनाओं में किसी न किसी रूप में शामिल रहे हैं। इनमें से 2 युवकों को पहले ही कनाडा से डिपोर्ट किया जा चुका है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे गुप्त रूप से जानकारी साझा कर जांच में सहयोग करें।
संदिग्ध पाए जाने के बाद डिपोर्ट किए 2 युवक
पुलिस के मुताबिक 20 साल के Prabhjot Singh को 2026 की शुरुआत में संदिग्ध फिरौती गतिविधियों के चलते पकड़ा गया था। जांच के बाद कनाडा बॉर्डर सर्विस एजेंसी (CBSA) ने उसे देश के लिए खतरा मानते हुए भारत वापस भेज दिया। वहीं 22 साल के Lovepreet Singh को भी जबरन वसूली के मामलों में संदिग्ध पाए जाने के बाद डिपोर्ट कर दिया गया।
फायरिंग और हथियार संबंधी मामलों में जेल
इसके अलावा Harjot Singh (21), Taranveer Singh (19) और Dayajeet Singh Billing (21) को 1 फरवरी 2026 को क्रेसेंट बीच इलाके में हुई गोलीबारी और आगजनी की कोशिश के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस का कहना है कि हरजोत सिंह को वारदात के बाद टैक्सी से भागते समय पकड़ा गया, जबकि अन्य दोनों आरोपी भी फायरिंग और हथियार संबंधी मामलों में जेल में हैं।
डेढ़ करोड़ का विशेष एक्सटॉर्शन रिवॉर्ड फंड
वहीं 26 जनवरी 2026 को न्यूटन इलाके में हुई एक अन्य हथियारबंद घटना में Harshdeep Singh और Hanspreet Singh को नामजद किया गया है। पुलिस के अनुसार उनकी कार से लोडेड पिस्तौल बरामद हुई थी। सरे पुलिस ने इन मामलों में सितंबर 2025 में 2,50,000 कनाडाई डॉलर (करीब डेढ़ करोड़ रुपए) का विशेष एक्सटॉर्शन रिवॉर्ड फंड बनाया था।


