प्रशासनिक व्यवस्था और सुरक्षा मजबूत करना ही उद्देश्य
पारदर्शिता बढ़ेगी और कानूनी प्रक्रियाएं व्यवस्थित होंगी
अब नियम पहले से ज्यादा सख्त व व्यवस्थित हो जाएंगे
गांव में जमीन रिकॉर्ड डिजिटल, फायर सेफ्टी नियम कड़े
चंडीगढ़ में पांच नए कानून लागू किए हैं. इसमें अब किराये पर मकान देने पर रेंट एग्रीमेंट अनिवार्य किया गया है. इसके अलावा, फर्जी ट्रैवल एजेंटों पर सख्ती की गई है. स्टांप चोरी पर जुर्माना लगेगा औऱ गांव में जमीन रिकॉर्ड डिजिटल किया जाएगा. साथ ही फायर सेफ्टी नियम कड़े किए गए हैं.
चंडीगढ़ :
पंजाब और हरियाणा की राजधानी चंडीगढ़ में प्रशासनिक व्यवस्था और सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से पांच नए कानून लागू किए गए हैं. प्रशासन की तरफ से मई से लागू किए इन कानूनों के बाद अब रेंट एग्रीमेंट, फायर सेफ्टी, जमीन रिकॉर्ड, स्टांप ड्यूटी और इमिग्रेशन कारोबार से जुड़े नियम पूरी तरह बदल जाएंगे. प्रशासन का कहना है कि नए प्रावधानों से पारदर्शिता बढ़ेगी और कानूनी प्रक्रियाएं पहले से अधिक व्यवस्थित होंगी। इन नियमों का असर सीधे तौर पर आम लोगों, मकान मालिकों, कारोबारियों और संस्थानों पर देखने को मिलेगा। इन नए कानूनों के लागू होने से शहर में सुरक्षा, पारदर्शिता और कानूनी व्यवस्था को मजबूती मिलने की संभावना है। किरायेदारी से लेकर कारोबार और संपत्ति अधिकार तक कई क्षेत्रों में अब नियम पहले से ज्यादा सख्त और व्यवस्थित हो जाएंगे।
1. रेंट एग्रीमेंट अब जरूरी
अब शहर में किराए पर मकान देने और लेने के लिए रेंट एग्रीमेंट अनिवार्य होगा। प्रशासन के अनुसार इससे मकान मालिक और किरायेदारों के बीच होने वाले विवादों को कम करने में मदद मिलेगी। साथ ही किरायेदारी प्रक्रिया कानूनी रूप से अधिक पारदर्शी बनेगी।
2. फायर NOC पर राहत
नए नियमों के तहत अब फायर एनओसी की वैधता अवधि एक साल से बढ़ाकर पांच साल कर दी गई है। इसका फायदा होटल, स्कूल, अस्पताल, फैक्टरी और ऊंची इमारतों को मिलेगा, जिन्हें हर साल नवीनीकरण की प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा। हालांकि, सभी संस्थानों को फायर सेफ्टी मानकों का पालन करना अनिवार्य रहेगा।
3. मालिकाना अधिकार
प्रशासन ने लाल लकीर के अंदर आने वाले रिहायशी क्षेत्रों की संपत्तियों का आधिकारिक रिकॉर्ड तैयार करने का फैसला भी लिया है। इसके तहत लंबे समय से रह रहे लोगों को मालिकाना अधिकार देने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इससे हजारों परिवारों को कानूनी पहचान और संपत्ति संबंधी सुरक्षा मिलने की उम्मीद है।
4. स्टांप चोरी तो जुर्माना
पंजाब इंडियन स्टांप संशोधन अधिनियम लागू होने के बाद चंडीगढ़ में अब प्रॉपर्टी खरीद-फरोख्त में अंडर वैल्यूएशन पर सख्ती की जेगी. नए कानून के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति संपत्ति की वास्तविक कीमत छिपाकर कम स्टांप ड्यूटी भरता है तो उस पर संपत्ति की वैल्यू का तीन प्रतिशत जुर्माना लगेगा.
5. इमिग्रेशन पर सख्ती
चंडीगढ़ प्रशासन ने बिना लाइसेंस इमिग्रेशन और वीजा सेवाएं चलाने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। नए कानून के अनुसार फर्जी या अवैध तरीके से इमिग्रेशन कारोबार करने वालों को 3 से 5 साल तक की सजा हो सकती है। प्रशासन का मानना है कि इससे ट्रैवल एजेंटों से जुड़े धोखाधड़ी के मामलों में कमी आएगी।


