अगर उनकी मांगों को नहीं माना जाता तो फिर आंदोलन करेंगे किसान
वहीं, गेहूं की खरीद और लिफ्टिंग में हुई देरी के चलते यह फैसला लिया
वहीं, संयुक्त किसान मोर्चा और किसान मजदूर मोर्चा ने किया था ऐलान
वहीं, किसानों की समस्या हल करने के लिए FCI को निर्देश दे चुकी है
पंजाब डेस्क
पंजाब में 18 जिलों में किसानों ने ट्रेनें रोकने का ऐलान किया था पर किसानों ने फैसला लिया है कि वह अपने इस आंदोलन को टाल रहे हैं। किसान संगठनों ने 3 दिनों के लिए रेल रोको आंदोलन को स्थगित किया है। किसानों का कहना है कि अगर उनकी मांगों को नहीं माना जाता तो वह आंदोलन करेंगे। किसानों ने गेहूं की खरीद और लिफ्टिंग में हुई देरी के चलते यह फैसला लिया था। सरकार और प्रशासन गेहूं की खरीद में जानबूझकर देरी कर रहे हैं।
3 घंटे तक ट्रेनें रोकने का किया था ऐलान
आपको बता दें किसान संगठन संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) और किसान मजदूर मोर्चा (KMM) ने पंजाब के 18 जिलों में आज ट्रेनें रोकने का ऐलान किया था। किसानों ने 3 घंटे तक रेलवे ट्रैक पर आंदोलन करना था।
किसानों सरकार को दी थी चेतावनी
किसान संगठन संयुक्त किसान मोर्चा और किसान मजदूर मोर्चा का कहना है कि जब तक मंडियों में खरीद और लिफ्टिंग में तेजी नहीं लाई जाती तब तक वह यह आंदोलन जारी रखेंगे।
FCI को केंद्र सरकार ने दिए हैं निर्देश
वहीं किसानों की मांग को देखते हुए केंद्रीय मंत्री रवनीत बिट्टू ने कहा कि केंद्र किसानों की समस्या को हल करने के लिए FCI को निर्देश दे चुकी है। FCI ने भी सरकार के निर्देश पर गेहूं खरीद के लिए मानकों में छूट दे दी है।

