अमेरिका-ईरान टकराव बढ़ा

आज की ताजा खबर देश विदेश
Spread the love

ईरान हर हमले का जवाब देगा और अमेरिका को क्षेत्र छोड़ने की सलाह

फिफ्थ फ्लीट मुख्यालय और अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया

बहरीन में एयर रेड सायरन बजाए, लोगों को सुरक्षित जगह जाने के निर्देश

होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति बिगड़ती है तो तेल कीमतों पर असर पड़ सकता है

नई दिल्ली

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिकी सेना ने मंगलवार रात होर्मुज स्ट्रेट के पास हुए अपाचे हेलिकॉप्टर हादसे के बाद ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर हवाई हमले किए। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने दावा किया कि यह कार्रवाई अमेरिकी बलों और व्यावसायिक जहाजों पर हुए हमलों के जवाब में की गई। अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान की रेवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने दावा किया कि उसने बहरीन स्थित अमेरिकी नौसेना के फिफ्थ फ्लीट मुख्यालय और अन्य अमेरिकी सैन्य ठिकानों को ड्रोन हमलों से निशाना बनाया। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने चेतावनी देते हुए कहा कि ईरान हर हमले का जवाब देगा और अमेरिका को क्षेत्र छोड़ने की सलाह दी।

ईरानी ड्रोन से टकराने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हेलिकॉप्टर

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने आरोप लगाया कि गश्त कर रहे अमेरिकी AH-64 अपाचे हेलिकॉप्टर को ईरान ने मार गिराया था। हालांकि उन्होंने बताया कि हेलिकॉप्टर में सवार दोनों पायलट सुरक्षित बचा लिए गए। वहीं एक अमेरिकी अधिकारी ने दावा किया कि हेलिकॉप्टर संभवतः एक ईरानी ड्रोन से टकराने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हुआ था और मामले की जांच जारी है। इस बीच बहरीन में एयर रेड सायरन बजाए गए और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश जारी किए गए।

ईरान का दावा-MQ-9 रीपर ड्रोन को भी मार गिराया

वहीं ईरान ने दावा किया कि उसने दक्षिणी ईरान के जाम क्षेत्र में अमेरिकी MQ-9 रीपर ड्रोन को भी मार गिराया है, हालांकि अमेरिका ने इसकी पुष्टि नहीं की है। तनाव के बीच जॉर्डन की सेना ने कहा कि उसने ईरान की ओर से दागी गई पांच मिसाइलों को हवा में ही नष्ट कर दिया। दूसरी ओर IRGC ने दावा किया कि उसने जॉर्डन के एक एयरबेस पर हमला कर F-35 लड़ाकू विमानों के हैंगर और कमांड सेंटर समेत कई अहम ठिकानों को नुकसान पहुंचाया है।

ईरान के खिलाफ जवाबी सैन्य कार्रवाई पूरी : अमेरिका

अमेरिका ने कहा है कि ईरान के खिलाफ उसकी जवाबी सैन्य कार्रवाई पूरी हो चुकी है। CENTCOM के अनुसार अमेरिकी वायुसेना और नौसेना ने होर्मुज स्ट्रेट के आसपास ईरान के एयर डिफेंस सिस्टम, रडार और ग्राउंड कंट्रोल स्टेशनों को निशाना बनाया। उधर इजराइल ने भी सख्त रुख अपनाते हुए चेतावनी दी है कि जरूरत पड़ने पर वह ईरान पर फिर बड़े हमले कर सकता है।

वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और तेल कीमतों पर बड़ा असर

इजराइली सेना प्रमुख एयाल जामिर ने कहा कि हालिया अभियान केवल शुरुआत था और भविष्य में और व्यापक कार्रवाई की जा सकती है। बढ़ते तनाव का असर वैश्विक तेल बाजार पर भी दिखाई दिया। अमेरिकी हमलों के बाद ब्रेंट क्रूड और WTI क्रूड की कीमतों में लगभग 1 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति और बिगड़ती है तो वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और तेल कीमतों पर बड़ा असर पड़ सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *